बारूद कांड के नामजद शमीम कबाड़ी पर कानून का शिकंजा! पासपोर्ट प्रकरण में गिरफ्तारी, थाना प्रभारी विपिन ताम्रकार की टीम ने की कार्रवाई
फर्जी दस्तावेजों से पासपोर्ट बनवाने वाले शमीम कबाड़ी पर अधारताल पुलिस का शिकंजा! थाना प्रभारी विपिन ताम्रकार और टीम की कार्रवाई से आरोपी गिरफ्तार

जबलपुर। बहुचर्चित बारूद कांड में नामजद शमीम कबाड़ी उर्फ शमीम खान को कथित फर्जी दस्तावेजों के आधार पर पासपोर्ट बनवाने के मामले में गिरफ्तार किया गया है। जानकारी के मुताबिक, आरोपी ने नागपुर के पते से जुड़े दस्तावेजों का इस्तेमाल कर पासपोर्ट बनवाया था। मामले में अधारताल थाना प्रभारी विपिन ताम्रकार और उनकी टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया। पुलिस अब कथित फर्जी दस्तावेजों के स्रोत और पासपोर्ट बनवाने की प्रक्रिया में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
बारूद कांड में भी सामने आया था नाम,
25 अप्रैल 2024 को खजरी-खिरिया बाईपास रोड स्थित रजा मेटल इंडस्ट्री के कबाड़खाने में भीषण विस्फोट हुआ था। हादसे में दो मजदूरों की मौत हो गई थी और कबाड़खाने को भारी नुकसान पहुंचा था। इस मामले में शमीम कबाड़ी का नाम सामने आया था। उसकी तलाश के दौरान उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किए जाने की जानकारी भी सामने आई थी। अब फर्जी दस्तावेजों से पासपोर्ट बनवाने के मामले में गिरफ्तारी के बाद पुलिस की कार्रवाई चर्चा में है।
फर्जी दस्तावेजों के नेटवर्क की पड़ताल,
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि कथित फर्जी पहचान और निवास संबंधी दस्तावेज किसने तैयार किए, पासपोर्ट आवेदन में किन लोगों की भूमिका रही और क्या इस मामले में अन्य लोग भी शामिल हैं। दस्तावेजों तथा संबंधित रिकॉर्ड की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विपिन ताम्रकार और टीम की कार्रवाई पर नजर,
थाना प्रभारी विपिन ताम्रकार के नेतृत्व में अधारताल थाना पुलिस की कार्रवाई के बाद अब जांच के अगले चरण पर निगाहें हैं। पुलिस के सामने कथित फर्जी दस्तावेजों के स्रोत और अन्य संलिप्त लोगों की पहचान करने की चुनौती है। फिलहाल पासपोर्ट मामले में लगाए गए आरोपों और बारूद कांड से जुड़े पहलुओं को अलग-अलग जांच के आधार पर ही देखा जाना जरूरी है। दोनों मामलों के बीच सीधे संबंध की पुष्टि अभी नहीं हुई है।



