जबलपुर में 24 घंटे में पांच असामयिक मौतों से पसरा मातम, फांसी, सड़क हादसा और डूबने से गई पांच जिंदगियां
24 घंटे में पांच असामयिक मौतों से पसरा मातम, फांसी, सड़क हादसा और डूबने से गई पांच जिंदगियां

जबलपुर जिले में बीते 24 घंटे के दौरान अलग-अलग थाना क्षेत्रों से पांच असामयिक मौतों की घटनाएं सामने आई हैं। इन घटनाओं ने पांच परिवारों की खुशियां छीन लीं। कहीं पारिवारिक तनाव के बीच एक युवक ने फांसी लगाकर जान दे दी, तो कहीं सड़क हादसा, बीमारी से परेशान होकर आत्महत्या, नर्मदा में डूबने और इलाज के दौरान एक बुजुर्ग महिला की मौत ने परिजनों को गहरे सदमे में डाल दिया। सभी मामलों में पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
गोरखपुर थाना क्षेत्र के शक्ति नगर गुप्तेश्वर निवासी जय विश्वकर्मा (34 वर्ष) का शव सोमवार सुबह उनके कमरे में पंखे से लटका मिला। मृतक के चाचा राकेश विश्वकर्मा ने पुलिस को बताया कि जय विश्वकर्मा स्कूल वैन चलाते थे। करीब चार वर्ष पहले उनका विवाह किरण से हुआ था, लेकिन दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था और पत्नी मायके में रह रही थी। घटना से एक दिन पहले जय विश्वकर्मा अपनी पत्नी को लेने ससुराल गए थे, लेकिन वह उनके साथ वापस नहीं आई। अगले दिन सुबह परिजनों ने उन्हें फंदे पर लटका पाया।
भेड़ाघाट थाना क्षेत्र के ग्राम तेवर निवासी विष्णु कोल (18 वर्ष) की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। मृतक के पिता किशनलाल कोल, जो पीडब्ल्यूडी विभाग में चौकीदार हैं, ने बताया कि दुर्घटना के बाद घायल विष्णु कोल को मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
तिलवारा थाना क्षेत्र के ग्राम सिवनी टोला निवासी भवानी प्रसाद पटेल (60 वर्ष) लंबे समय से कैंसर से पीड़ित थे और मेडिकल कॉलेज में उनका इलाज चल रहा था। बीमारी से परेशान होकर उन्होंने नहर किनारे सागौन के पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की जानकारी उनके पुत्र गोपाल पटेल ने पुलिस को दी।
इसी तरह भेड़ाघाट थाना क्षेत्र के लम्हेटा घाट में नर्मदा नदी में नहाने के दौरान सुनील कोरी (36 वर्ष) गहरे पानी में डूब गए। उनके छोटे भाई संजू कोरी ने पुलिस को बताया कि वे रिश्तेदार के खारी विसर्जन कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। काफी तलाश के बाद अगले दिन सुनील कोरी का शव नदी में उतराता मिला।
वहीं, नरसिंहपुर जिले के बरेहटा मुंगवानी निवासी तारा बाई साहू (65 वर्ष) की भी इलाज के दौरान मौत हो गई। उनके पोते शुभम कुमार साहू ने बताया कि 15 जून को जब वे उन्हें बाइक से जबलपुर ला रहे थे, तभी ग्राम खैरी के पास अचानक चक्कर आने से वे सड़क पर गिर गई थीं। गंभीर चोट लगने के बाद उन्हें मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, जहां उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।
पुलिस ने सभी पांच मामलों में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर मौत के कारणों की पुष्टि की जाएगी। लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने एक बार फिर लोगों को जीवन के प्रति सतर्क रहने और मानसिक व शारीरिक स्वास्थ्य को गंभीरता से लेने का संदेश दिया है।



