जमीन के लिए रची खूनी साजिश: इनामी ‘प्रिंस’ गिरफ्तार, पिता संग मिलकर किया मर्डर—रिश्तों को भी किया तार-तार
जमीन के लिए रची खूनी साजिश: इनामी ‘प्रिंस’ गिरफ्तार, पिता संग मिलकर किया मर्डर—रिश्तों को भी किया तार-तार

जबलपुर के रांझी थाना क्षेत्र में सामने आया ‘क्लीरेंस एटकिंस’ हत्याकांड अब सिर्फ एक मर्डर केस नहीं रहा, बल्कि यह लालच, साजिश और टूटते रिश्तों की एक खौफनाक कहानी बन चुका है। 23 अप्रैल को हुई इस सनसनीखेज हत्या ने पूरे इलाके को दहला दिया था। शुरुआत में यह मामला पूरी तरह अंधे कत्ल जैसा था, जिसमें पुलिस के पास कोई ठोस सुराग नहीं था। लेकिन धीरे-धीरे जांच की परतें खुलती गईं और जो सच सामने आया, उसने सभी को हैरान कर दिया।
पुलिस की लगातार मेहनत, तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर इस मामले का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी, 20 हजार रुपये के इनामी बदमाश प्रिंस नेल्सन को गिरफ्तार कर लिया गया। उसके साथ एक नाबालिग साथी भी पकड़ा गया है। गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल की गई देसी पिस्टल, दो जिंदा कारतूस और एक होंडा शाइन मोटरसाइकिल बरामद की है।
जांच में सामने आया कि इस पूरे हत्याकांड की जड़ रायपुर की एक जमीन का विवाद था। जमीन के एक छोटे से टुकड़े ने इतनी बड़ी साजिश को जन्म दिया कि आरोपी ने अपने ही परिवार के साथ मिलकर खून का खेल खेल दिया। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि इस साजिश में आरोपी का पिता ‘बाबा नेल्सन’ भी शामिल था। पिता-पुत्र ने मिलकर योजनाबद्ध तरीके से इस हत्या को अंजाम दिया।
पुलिस के अनुसार, अब तक इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, लेकिन मुख्य साजिशकर्ता बाबा नेल्सन अभी भी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है और पुलिस का दावा है कि जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
यह मामला सिर्फ एक हत्या की कहानी नहीं है, बल्कि यह उस कड़वी सच्चाई को उजागर करता है कि कैसे लालच इंसान को इस कदर अंधा कर देता है कि वह अपने ही रिश्तों को खत्म करने से भी पीछे नहीं हटता। जमीन के एक टुकड़े के लिए खून बहाना और परिवार को अपराध में झोंक देना समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है।
थाना प्रभारी उमेश गोल्हानी ने बताया कि इस केस में तकनीकी साक्ष्य और सीसीटीवी फुटेज ने अहम भूमिका निभाई है। साथ ही फरार आरोपियों की तलाश लगातार जारी है।
रांझी का यह मर्डर केस एक आईना है, जो दिखाता है कि जब लालच हावी होता है, तो इंसानियत और रिश्ते दोनों ही कमजोर पड़ जाते हैं… और अंत में बचता है सिर्फ अपराध और पछतावा।



