रांझी पुलिस का खौफ! बमकांड का मुख्य आरोपी कोर्ट में पेश, फरार साथी की तलाश में लगातार दबिश
30 से ज्यादा मामलों का हिस्ट्रीशीटर पुलिस के शिकंजे में! रांझी पुलिस की सख्ती से बदमाशों में मचा खौफ

जबलपुर। शोभापुर-कलारी में हुए चर्चित बमकांड में रांझी थाना पुलिस की लगातार और सख्त कार्रवाई रंग लाती दिखाई दे रही है। 30 से अधिक आपराधिक मामलों में नामजद हिस्ट्रीशीटर पवन रजक को दो दिन की पुलिस रिमांड पूरी होने के बाद न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने 23 जून को न्यायालय में आत्मसमर्पण किया था, जिसके बाद उससे घटना से जुड़े अहम तथ्यों की जानकारी जुटाने के लिए रिमांड ली गई।
पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से बमकांड की साजिश, फरारी के दौरान उसके ठिकानों, सहयोगियों और पूरे नेटवर्क के संबंध में गहन पूछताछ की गई। विवेचना को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने पूछताछ के सभी पहलुओं का खुलासा नहीं किया है, लेकिन जांच लगातार आगे बढ़ रही है।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पवन रजक के खिलाफ हत्या, मारपीट, धमकी और अन्य गंभीर धाराओं सहित 30 से अधिक आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। उसके आपराधिक इतिहास को देखते हुए पुलिस ने उसके विरुद्ध राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत भी कार्रवाई की है। यह कार्रवाई साफ संकेत देती है कि आदतन अपराधियों के खिलाफ अब पुलिस का रुख पूरी तरह सख्त है।
थाना प्रभारी उमेश गोलानी ने बताया कि मामले में दो आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। वहीं पवन रजक का भाई और सह-आरोपी प्रवीण रजक अभी भी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है और पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर कार्रवाई कर रही हैं।
रांझी थाना पुलिस की इस कार्रवाई ने क्षेत्र में एक स्पष्ट संदेश दिया है कि कानून से ऊपर कोई नहीं है। लंबे समय तक फरारी काटने वाले आरोपियों पर लगातार शिकंजा कसा जा रहा है और पुलिस का अभियान तब तक जारी रहेगा, जब तक इस मामले से जुड़े सभी आरोपियों को न्यायालय के सामने पेश नहीं कर दिया जाता। पुलिस की इस सख्त कार्रवाई से क्षेत्र में अपराधियों के बीच कानून का खौफ बढ़ा है, जबकि आम नागरिकों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत हुआ है।



