करोड़ों की धोखाधड़ी में फरार 1 लाख 50 हजार के ईनामी आरोपी चिटलर अमित खम्परिया गिरफ्तार,नागपुर में पकड़ाया बहुजिला वांछित ठग, 17 गंभीर मामलों में था फरार, पीड़ित ने भी रखा था 50 हजार का इनाम
- Crime Reports India Jabalpur Latest News MP
- 07/12/2025
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जबलपुर। करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी, फर्जीवाड़ा, उगाही और हथियारबंद धमकियों से जुड़े अनेक मामलों में लंबे समय से फरार चल रहा कुख्यात ठग अमित खम्परिया आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ गया। आरोपी की गिरफ्तारी पर जबलपुर व मंडला पुलिस ने कुल 1 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था, जबकि संजीवनी नगर के प्रकरण में फरियादी गोपीचंद महेश्वरी ने भी 50 हजार रुपये का निजी इनाम घोषित किया था, जिससे आरोपी पर कुल इनाम राशि 1 लाख 50 हजार रुपये पहुँच गई थी।
क्राइम ब्रांच और संजीवनी नगर थाना की संयुक्त टीम ने आरोपी को नागपुर के वाठोड़ा थाना क्षेत्र से दबोचा। पुलिस उसे जबलपुर लाकर कई मामलों में गिरफ्तारी और न्यायालय में पेशी की प्रक्रिया में लगी है।
पुलिस के लिए चुनौती बना था 17 अपराधों का आरोपी-
अमित खम्परिया पिता अनुरुद्ध खम्परिया (40), निवासी दुर्गा कॉलोनी, संजीवनी नगर—बीते कई वर्षों से धोखाधड़ी, जालसाजी, अवैध लेनदेन, धमकी और SC-ST एक्ट तक के मामलों में फरार हो गया था।
जबलपुर, मंडला, उमरिया और कटनी जिलों में उसके खिलाफ कुल 17 आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। इनमें कई मामले 200 से 300 लाख तक की धोखाधड़ी से जुड़े बताए जाते हैं। जबलपुर में ही आरोपी पर धोखाधड़ी, जालसाजी, उगाही, फर्जी दस्तावेज तैयार करने, सरकारी आदेशों की अवहेलना और धमकी जैसे गंभीर अपराध पंजीबद्ध हैं।
कुल इनाम 1 लाख 50 हजार, पुलिस और पीड़ित दोनों ने रखा था दांव-
पुलिस कप्तान संपत उपाध्याय ने संजीवनी नगर के प्रकरण 11/24 में 10 हजार का इनाम रखा। आईजी जबलपुर जोन प्रमोद वर्मा ने संजीवनी नगर और मदनमहल थानों के महत्वपूर्ण धोखाधड़ी प्रकरणों में 60 हजार का इनाम घोषित किया। आईजी बालाघाट जोन ने मंडला जिले के धोखाधड़ी प्रकरण में 30 हजार का इनाम घोषित किया। फरियादी गोपीचंद महेश्वरी, निवासी संजीवनी नगर, ने निजी तौर पर आरोपी की गिरफ्तारी पर 50 हजार का इनाम घोषित किया था।
नागपुर से दबोचा गया भगोड़ा-
लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी के नागपुर के वाठोड़ा थाना क्षेत्र में छिपे होने की सूचना मिली।
चौकी प्रभारी धनवंतरी नगर एसआई दिनेश गौतम के नेतृत्व में टीम नागपुर भेजी गई। तकनीकी विश्लेषण, मोबाइल लोकेशन और गोपनीय पड़ताल के बाद टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ लिया। पुलिस टीम के सटीक समन्वय, साइबर सपोर्ट और निरंतर निगरानी के कारण आरोपी की गिरफ्तारी संभव हो सकी।
जबलपुर में पंजीबद्ध प्रमुख प्रकरण-
संजीवनी नगर थाना में अपराध क्रमांक 134/22 धारा 420, 406, 386 भादवि, अपराध क्रमांक 141/22 — 294, 323, 506 भादवि, SC-ST Act, अपराध क्रमांक 11/24 — 420, 409, 506, 386, 120-B इसी प्रकार थाना मदनमहल अपराध क्रमांक 86/22 — 420, 406, 467, 468, 471, 474, 112, 120-B, 109, 204 इसके अलावा आरोपी के खिलाफ भेड़ाघाट, गढ़ा, लार्डगंज थानों में 188, 269, 270, 417, 468, 120-B सहित कई धाराओं में मामले दर्ज हैं।
अन्य जिलों में दर्ज अपराध-
जिला कटनी
थाना विजय राघवगढ़ — अवैध उत्खनन, चोरी, 120-B
जिला उमरिया–
थाना मानपुर — 294, 323, 324, 506
कोतवाली — हत्या, हत्या का प्रयास (302, 307)
जिला मंडला–
थाना खटिया- धोखाधड़ी, जालसाजी (420, 467, 468, 471)
थाना नैनपुर — 205, 419, 420, 466, 467, 471, 506, 120-B
इनकी रही गिरफ्तारी में अहम भूमिका-
आरोपी चिटलर अमित को गिरफ्तार करने में टीआई संजीवनी नगर बीडी द्विवेदी, चौकी प्रभारी धनवंतरी नगर एसआई दिनेश गौतम, आरक्षक रजनीश यादव, क्राइम ब्रांच एएसआई अनिल पांडे, प्रधान आरक्षक वीरेंद्र सिंह, आरक्षक त्रिलोक पारधी, साइबर सेल आरक्षक अरविंद सूर्यवंशी की संयुक्त मेहनत से वर्षों से फरार और “अप्राप्य” माना जा रहा आरोपी शिकंजे में आ सका।
