रातभर चला पुलिस का सख्त अभियान: जबलपुर में कॉम्बिंग गश्त से फरार अपराधियों पर कसा शिकंजा, 222 वारंट तामील
रातभर चला पुलिस का सख्त अभियान: जबलपुर में कॉम्बिंग गश्त से फरार अपराधियों पर कसा शिकंजा, 222 वारंट तामील

जबलपुर। जिले में अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण और कानून व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से जबलपुर पुलिस ने बीती रात व्यापक स्तर पर कॉम्बिंग गश्त अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय के निर्देश पर यह विशेष अभियान 2 मई की रात 9 बजे से शुरू होकर 3 मई की तड़के 2 बजे तक लगातार जारी रहा। इस दौरान शहर और ग्रामीण क्षेत्रों के सभी थाना प्रभारियों व पुलिस बल ने एकजुट होकर फरार आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई को अंजाम दिया।
इस बड़े अभियान का नेतृत्व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर आयुष गुप्ता, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अपराध जितेन्द्र सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) सूर्यकांत शर्मा तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात सुश्री अंजना तिवारी के मार्गदर्शन में किया गया। साथ ही नगर पुलिस अधीक्षकों, एसडीओपी और थाना प्रभारियों की सक्रिय मौजूदगी में पुलिस टीमों ने अलग-अलग क्षेत्रों में दबिश दी।
कॉम्बिंग गश्त के लिए पुलिस ने विशेष रणनीति के तहत कई टीमें गठित की थीं। प्रत्येक टीम का नेतृत्व थाना प्रभारी, उप निरीक्षक या सहायक उप निरीक्षक स्तर के अधिकारियों को सौंपा गया था। इन टीमों ने जिलेभर में चिन्हित आरोपियों के ठिकानों पर एक साथ दबिश देकर उन्हें पकड़ने का काम किया। इस समन्वित कार्रवाई का परिणाम यह रहा कि लंबे समय से फरार चल रहे कई आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता मिली।
अभियान के दौरान कुल 222 वारंट तामील किए गए, जिनमें 119 गैर-जमानती वारंट, 78 गिरफ्तारी वारंट और 25 जमानती वारंट शामिल हैं। इनमें से अधिकांश आरोपी कई वर्षों से पुलिस की पकड़ से दूर थे और लगातार अपनी लोकेशन बदलकर बचते फिर रहे थे। पुलिस की इस अचानक और सुनियोजित कार्रवाई से उन्हें भागने का मौका नहीं मिला और उन्हें गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा रहा है।
पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय ने इस सफलता को टीमवर्क और निरंतर प्रयासों का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि अपराधियों में कानून का भय पैदा करना और आम जनता में सुरक्षा की भावना मजबूत करना पुलिस की प्राथमिकता है। ऐसे आरोपी जो लंबे समय से कानून से बचते फिर रहे थे, उनके खिलाफ यह कार्रवाई बेहद जरूरी थी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में भी इसी तरह के सघन अभियान चलाए जाएंगे।
कॉम्बिंग गश्त के दौरान केवल वारंटियों की गिरफ्तारी ही नहीं, बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सख्ती बरती गई। देर रात सड़कों पर घूमने वाले संदिग्ध व्यक्तियों से पूछताछ की गई, वहीं रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और मुसाफिरखानों में विशेष चेकिंग अभियान चलाया गया। वाहनों की जांच कर अवैध गतिविधियों पर नजर रखी गई और सक्रिय बदमाशों को भी चेक किया गया।
इस पूरे अभियान ने यह साफ संदेश दिया है कि जबलपुर पुलिस अब अपराधियों के प्रति किसी भी तरह की ढील बरतने के मूड में नहीं है। कानून से बचने वाले आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी, जिससे जिले में शांति और सुरक्षा का माहौल कायम रह सके।



