जबलपुर में अधिवक्ता हमले में पुलिस कार्रवाई पर सवाल, नामजद आरोपी अब तक गिरफ्तारी से दूर
पीड़ित अधिवक्ता एकांश ढींगरा ने पुलिस की धीमी कार्रवाई पर जताई नाराजगी, सुरक्षा और न्याय की मांग

जबलपुर के विजय नगर क्षेत्र में अधिवक्ता एकांश ढींगरा पर हुए कथित हमले के मामले में पुलिस कार्रवाई को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि गंभीर धाराओं में मामला दर्ज होने और पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध होने के बावजूद अब तक नामजद आरोपी राजा तिवारी और उसके साथियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है।
जानकारी के अनुसार 2 मई 2026 को विजय नगर क्षेत्र में अधिवक्ता एकांश ढींगरा पर हमला हुआ था। पीड़ित पक्ष के मुताबिक, इस घटना में राजा तिवारी और उसके साथियों द्वारा लाठी-रॉड से हमला करने, परिवार को धमकाने और वाहनों में तोड़फोड़ करने के आरोप लगाए गए हैं। घटना के बाद थाना विजय नगर में अपराध क्रमांक 0212/2026 दर्ज किया गया।
पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की है। पीड़ित अधिवक्ता का दावा है कि घटना से जुड़े वीडियो साक्ष्य भी उपलब्ध हैं, जिनमें पूरी वारदात रिकॉर्ड होने की बात कही गई है। इसके बावजूद आरोपी की गिरफ्तारी न होने से पीड़ित परिवार में असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।
अधिवक्ता एकांश ढींगरा ने पुलिस अधीक्षक को आवेदन सौंपते हुए कहा है कि आरोपी के खुलेआम बाहर रहने से गवाहों को प्रभावित करने और साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका बनी हुई है। साथ ही परिवार की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई गई है।
पीड़ित पक्ष ने मांग की है कि नामजद आरोपी राजा तिवारी समेत घटना में शामिल अन्य आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए और परिवार को पर्याप्त सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए।
अधिवक्ता एकांश ढींगरा का कहना है कि यदि जल्द प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो वे वरिष्ठ अधिकारियों और न्यायालय का रुख करेंगे। अब इस मामले में पुलिस की आगामी कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।



