होटल के बंद कमरे में मौत का खौफनाक रहस्य: 10 हजार रुपये, गायब मोबाइल और खून से सना बिस्तर छोड़ गई दुर्गा की आखिरी कहानी
होटल के कमरे में बिछी मौत की कहानी: कई दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली, एक ऐसी मौत जिसने खड़े कर दिए कई सवाल: होटल की लापरवाही या कोई गहरी साजिश?

जबलपुर के धनवंतरी नगर स्थित होटल रिलैक्स इन में सामने आया एक मामला पूरे शहर में चर्चा और सनसनी का विषय बन गया है। एक महिला अपनी मां से मिलने के लिए घर से निकली थी, लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि यह सफर उसकी जिंदगी का आखिरी सफर बन जाएगा। 35 वर्षीय दुर्गा वाल्मीकि अब इस दुनिया में नहीं हैं, लेकिन उनकी मौत अपने पीछे ऐसे सवाल छोड़ गई है जिनका जवाब अभी तक किसी के पास नहीं है।
बताया जा रहा है कि दुर्गा 6 मई को घर से निकली थी। परिवार के मुताबिक उसके पास 10 हजार रुपये नगद और मोबाइल फोन था। घरवालों को लगा कि वह सामान्य रूप से अपनी मां से मिलकर लौट आएगी, लेकिन जैसे-जैसे समय बीतता गया, परिवार की चिंता बढ़ती चली गई। फोन लगाया गया, संपर्क करने की कोशिश हुई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
इसी बीच 8 मई की सुबह धनवंतरी नगर स्थित होटल रिलैक्स इन के एक कमरे से बदबू आने लगी। होटल स्टाफ को कुछ संदिग्ध लगा। कमरे के बाहर सन्नाटा था और अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल रही थी। जब दरवाजा खोला गया तो अंदर का दृश्य देखकर हर कोई दंग रह गया।
कमरे के अंदर बिस्तर खून से सना हुआ था और उसी पर एक महिला का शव पड़ा मिला। पूरा कमरा अस्त-व्यस्त था। दृश्य इतना भयावह था कि मौके पर पहुंचे लोगों के होश उड़ गए। शुरुआती जांच में महिला की पहचान नहीं हो पाई, लेकिन कुछ घंटों की जांच और पूछताछ के बाद सामने आया कि मृतका भेड़ाघाट निवासी दुर्गा वाल्मीकि थी।
मामला यहीं से और ज्यादा उलझ गया। परिवार का आरोप है कि दुर्गा को एक सोची-समझी साजिश के तहत होटल बुलाया गया था। मृतका की बहन सोनम कोष्टा ने पुलिस को बताया कि भेड़ाघाट निवासी होटल कर्मचारी जम्मन ने दुर्गा को मिलने के लिए बुलाया था। इतना ही नहीं, परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि जम्मन की पत्नी पहले भी दुर्गा को धमकी दे चुकी थी।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि अगर दुर्गा सिर्फ मिलने गई थी, तो फिर उसकी मौत कैसे हुई? शव मिलने के बाद दुर्गा के पास मौजूद 10 हजार रुपये और मोबाइल फोन भी गायब मिले। इससे मामला और ज्यादा संदिग्ध हो गया है। हत्या के साथ लूट की आशंका भी जताई जा रही है।
इस पूरे मामले में होटल रिलैक्स इन की भूमिका भी गंभीर सवालों में है। पुलिस जांच में सामने आया है कि होटल प्रबंधन ने सिर्फ एक आईडी पर दो लोगों को कमरा दे दिया था। नियमों के मुताबिक होटल में ठहरने वाले हर व्यक्ति की जानकारी दर्ज करना जरूरी होता है, लेकिन यहां लापरवाही साफ नजर आई। यही चूक अब पूरे मामले को और संदिग्ध बना रही है।
धनवंतरी नगर के साथ संजीवनी नगर पुलिस होटल के CCTV फुटेज खंगाल रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी मौत का खुलासा नहीं हो पाया है।
एक बंद कमरा, खून से सना बिस्तर, गायब पैसे और मोबाइल, फरार संदिग्ध और अनगिनत सवाल—दुर्गा वाल्मीकि की मौत अब सिर्फ एक केस नहीं, बल्कि जबलपुर की सबसे रहस्यमयी घटनाओं में शामिल हो चुकी है।
अब पूरा शहर सिर्फ एक सवाल पूछ रहा है—आखिर उस रात होटल के कमरे में हुआ क्या था?



